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श्रीमद भगवत गीता और भागवत महापुराण मे अंतर

 हिन्दू धर्म का सबसे पवित्र ग्रंथ श्रीमद भगवत गीता  के बारे मे सभी लोग जानते है। कई लोग भगवत गीता और भागवत महापुराण दोनो को एक ही समझ लेते है,लेकिन भगवत गीता और भागवत महापुराण  मे अंतर है।महाभारत युध्द के दौरान श्री कृष्ण ने जो ज्ञान अर्जुन को दिया था वो ही भगवत गीता  है।      कल युग के आरंभ मे शुकदेव मुनि ने जो ज्ञान राजा परीक्षित को दिया था,वो भागवत पुराण है। भगवत गीता मे  ज्ञान का अध्भुत भंडार है,जिसे समझना कठिन है,परंतु भागवत महापुराण मे श्री कृष्ण की समस्त लीलाओं का वर्णन है,जो आसानी से इंसान समझ सकता है।भगवत गीता मे जहाँ ज्ञान,बुध्दि और मन के नियंत्रण पर जोर दिया है,वहीं भागवत  महापुराण मे श्री कृष्ण के प्रेम का रसपान करने  पर जोर दिया है।ज्ञान को समझने के लिए बुद्धि को विकसित करना पड़ता है,पर प्रेम को समझने के लिए बुध्दि की आवश्यकता नहीं होती।एक पागल भी प्रेम कर सकता है,पर एक पागल ज्ञान ग्रहण नहीं कर सकता।इसलिए इंसान को सरल तरीके से अपने जन्म मरण को सुधारना है तो भागवत महापुराण की कथाएँ सुननी चाहिए,क्योंकि इससे सरल ईश्वर तक पहुंचने...